मैं हिंदू हूँ (I am a Hindu)

मैं हिंदू हूँ और ये कहते ही मैं सेक्युलर नहीं रहा मैं लिबरल नहीं रहा मैं अचानक से अपने हिंदू होने के साथ फ़ंडामेंटलिस्ट भी हो गया हूँ Translation I am a Hindu And by uttering it I am no more secular I am no more liberal Suddenly, with being a Hindu I am a […]

‘Organised’ protest is a farce

नाईदो तानिया की मौत सर और चेहरे पर लगे चोटों से हुई। तीन दिन पहले जंतर मंत्र गया था। कुल मिलाकर सौ लोग होंगे। मैंने कुछ लोगों को बोलते हुए सुना। इप्सा आपके साथ है, फ़लाँ स्टूडेंट यूनियन आपके साथ है। कुछ लोग उत्तर प्रदेश से आए थे। दुर्भाग्य ये कि मेरे बालकनी के सामने […]

क्यूट वेलेंटाईन कथा (Cute Valentine Story)

हमारे परममित्र (सुरक्षा कारणों से नाम गुप्त रखा गया है) हमेशा की तरह आॅफिस में बिना इंसेटिव के ओवरटाईम करके लौट रहे थे। वही पुराना मेट्रो, वही पुरानी भीड़, वही पुराना कार्बन डाई आॅक्साईड (और कोपियस अमाउंट आॅफ मीथेन) छोड़ते लोग… सब कुछ उसी आम दिन की तरह था जैसा कि एक आम काॅर्पोरेट ग़ुलाम […]

Those ‘friends’ we all have on Facebook

Facebook turned ten this month. It is a rage among youth (youth means UN defined youth, till 35 years of age. Youth doesn’t mean Rahul Gandhi kind.) Facebook is all about having friends and posting text, images, videos and links. Some actually post on notes as well. I admire them for making use of that […]