‘अवेन्जर्स: इनफ़िनिटी वार’ एक दर वाहियात फ़िल्म है, पायरेटेड भी न देखें!

ये आपको भावनात्मक स्तर पर कहीं से नहीं छूती क्योंकि मानवों के होने के बावजूद ये देश, दुनिया, ग्रह, नक्षत्र, सौर परिवार, गेलेक्सी बचाते-बचाते मानवों की समझ के हद से बाहर चले गए हैं।

ये फ़िल्म धोनी का वर्ल्ड कप वाला छक्का है, कितना भी देखो, मन नहीं भरता

लाजवाब एक्टिंग, बेहतरीन निर्देशन, कसी हुई कहानी और अच्छी एडिटिंग के कारण ये फ़िल्म आप धोनी के वर्ल्ड कप फ़ाइनल के छक्के की तरह बार बार देखना चाहेंगे, देखेंगे, और चाहेंगे कि फिर से देखूँ।

पिंक कोई बेहतरीन फ़िल्म नहीं है, फिर भी देखना सबको चाहिए

कॉलेज के लड़कों को ख़ासकर देखनी चाहिए और अमिताभ के हर डायलॉग को अपने अंदर उतारना चाहिए कि लड़की तुम्हारे बाप की जायदाद नहीं है, वो हँसे, दस के साथ रहे, मिनी स्कर्ट पहने, तुमसे हँसकर बात करे, चाहे वो तुम्हारी गर्लफ़्रेंड ही क्यों ना हो, उसकी सहमति के बग़ैर उसको छूना भी ग़लत है।

Wazir movie review: वज़ीर देखिए कहानी और अदाकारी के लिए

इसकी ताक़त इसकी कहानी और तीनों मुख्य पात्र -अदिति राव, अमिताभ, फ़रहान- की अदाकारी है। अदिति ने तो अपने किरदार को बहुत अच्छी तरह से निभाया है। ये फ़िल्म आप इन तीनों के लिए, और बिजॉय नाम्बियार के लिए, देख आईए।